सड़क सुरक्षा के लिए 6E आधारित रणनीति बनाकर करें कार्यवाही —जनवरी से सड़क सुरक्षा अभियान होगा शुरू
बोरवेल से होने वाली दुर्घटनाओं की करें रोकथाम, राज्यभर में नहीं हो कोई भी खुला बोरवेल
जयपुर/सच पत्रिका न्यूज
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि सड़क सुरक्षा एक सामूहिक जिम्मेदारी है, जिसमें सरकार, प्रशासन और जनता सभी का योगदान आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को निर्देश दिए कि वे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए मिशन मोड पर काम करें। उन्होंने कहा कि दुर्घटना संभावित स्थानों को चिन्हित कर इनका शीघ्र सुधार किया जाए तथा प्रदेशभर में चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स को प्राथमिकता के आधार पर ठीक किया जाए। शर्मा गुरुवार को मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित सड़क सुरक्षा की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जनवरी से सड़क सुरक्षा के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएं तथा इसके अन्तर्गत स्कूलों, कॉलेजों और कार्यस्थलों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। साथ ही, जनसाधारण को ट्रैफिक नियमों का पालन करने के लिए प्रोत्साहित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क सुरक्षा एक महत्वपूर्ण विषय है जिसमें विभिन्न विभागों की अहम भूमिका है। उन्होंने कहा कि परिवहन एवं सड़क सुरक्षा, पुलिस, सार्वजनिक निर्माण, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य तथा शिक्षा सहित विभिन्न विभाग आपसी समन्वय स्थापित कर सड़क दुर्घटनाओं को न्यूनतम करने का प्रयास करें।
सड़क सुरक्षा के लिए 6E फॉर्मूला—
मुख्यमंत्री ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण एवं प्रभावितों की बेहतर देखरेख हेतु राज्य में 6E (एजुकेशन, इंजीनियरिंग, एनफोर्समेंट, इमरजेंसी केयर, इवेल्यूएशन, एन्गेजमेंट) आधारित रणनीति के तहत कार्यवाही प्रारंभ की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पहले ई (एजुकेशन) सड़क सुरक्षा के नियमों के बारे में लोगों को शिक्षित किया जाए। दूसरे ई (इजीनियरिंग) के तहत सड़कें, ब्रिज अन्य बुनियादी ढ़ांचे को सुरक्षित और प्रभावी बनाने के लिए बेहतर डिजाइन किया जाए। उन्होंने कहा कि तीसरे ई (एनफोर्समेंट) के तहत यातायात कानूनों की सख्ती से पालना सुनिश्चित किया जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर जुर्माना एवं अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जाए। चौथे ई (इमरजेंसी) के तहत दुर्घटना पीड़ितों को त्वरित एवं प्रभावी चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाई जाए। उन्होंने कहा पांचवे ई (इवेल्यूएशन) के तहत सड़क सुरक्षा उपायों का नियमित रूप से मूल्यांकन कर सुरक्षा उपायों में सुधार किया जाए तथा छठवें ई (एन्गेजमेंट) के तहत समुदाय एवं विभिन्न हितधारकों को सड़क सुरक्षा अभियानों में शामिल किया जाए।
यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरूद्ध करें सख्ती से कार्रवाई—
शर्मा ने कहा कि यातायात नियमों की सख्ती से पालना सुनिश्चित की जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में बैरिकेडिंग, साइन बोर्ड, स्पीड ब्रेकर सहित तमाम प्रबंध सुनिश्चित किया जाए जिससे दुर्घटनाओं की रोकथाम की जा सके। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं के रोकथाम के लिए आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए जाएं एवं स्पीड मॉनिटरिंग उपकरण व ऑटोमेटेड चालान प्रणाली लागू की जाए। उन्होंने कहा कि परिवहन विभाग यह सुनिश्चित करे कि बिना परमिट के वाहनों की सड़कों पर आवाजाही ना हो तथा उल्लंघन करने वालों पर सख्ती से कार्रवाई की जाए। साथ ही, ट्रोमा केयर सुदृढ़ीकरण करने, गैर मोटर चलित वाहनों पर रिफ्लेक्टिव टेप अभियान चलाने एवं जिलों में सड़क सुरक्षा समितियों के माध्यम से आईरैड के आधार पर एंबुलेंसों की प्री-पोजिशनिंग के भी निर्देश मुख्यमंत्री ने दिए।
सड़कों की सुरक्षा व्यवस्था का मूल्यांकन समय-समय पर करें —
मुख्यमंत्री ने सभी अवैध कट्स को बंद करने, सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने, मानकों के अनुरूप रोड फर्नीचर की सुनिश्चितता एवं उनका रख-रखाव करने, सड़कों पर आवारा जानवरों की रोकथाम करने, वाहनों की फिटनेस नियमानुसार सुनिश्चित करने, ओवरलोडिंग, ओवरहैंगिंग, ओवरक्राउडिंग आदि के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सुरक्षा व्यवस्था का मूल्यांकन समय-समय पर करें तथा सड़क दुर्घटनाओं का सही कारण जानकर उसका विश्लेशण भी करें ताकि ऐसी घटनाएं दोबारा नहीं हों।
सड़कों पर नहीं हो किसी भी वाहन की अवैध रूप से पार्किंग —
शर्मा ने कहा कि ब्लैक स्पॉट को तुरंत सुधारने के लिए विशेश योजना बनाएं। इन कार्यों में गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटना में जिम्मेदारी तय कर संबंधित विभाग सख्त कार्रवाई करे। साथ ही, किसी भी स्थान पर सड़क निर्माण समयबद्ध नहीं हो रहा है तो कॉन्ट्रैक्टर के साथ विभाग की भी जिम्मेदारी सुनिश्चित हो। उन्होंने कहा कि परिवहन विभाग एवं पुलिस विभाग हाइवे पर पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित करें तथा सड़क पर किसी भी वाहन की अवैध रूप से पार्किंग नहीं हो।
सड़क सुरक्षा में कार्य करने वाले व्यक्ति एवं संस्थाओं को करें सम्मानित—
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा सड़क सुरक्षा को लेकर समुचित प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि संभाग स्तरीय सड़क सुरक्षा टास्क फोर्स का गठन तथा इमरजेंसी रिस्पॉन्स सपोर्ट सिस्टम के अन्तर्गत समस्त आपातकालीन सेवाओं का एकीकरण भी किया गया है। उन्होंने निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा में कार्य करने वाले व्यक्ति एवं संस्थाओं को विशेश आयोजनों पर सम्मानित किया जाए जिससे दुर्घटना में मदद करने वाले लोग प्रोत्साहित हो।
सड़क सुरक्षा के लिए जिला स्तरीय समिति की सघन मॉनिटरिंग हो—
शर्मा ने कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए जिला स्तर पर बनी समिति की राज्य स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग हो। संबंधित जिला कलक्टर एवं पुलिस अधीक्षक दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में जाकर वहां दुर्घटनाओं के रोकथाम के लिए आवश्यक कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि प्रत्येक गांव में सड़क सुरक्षा के लिए जीवन रक्षा मित्र बनाएं, सड़क सुरक्षा अभियान के तहत गांवों में जागरूकता अभियान में इनका सहयोग लें। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बोरवेल से होने वाली घटनाओं की रोकथाम के लिए जिम्मेदारों के खिलाफ कार्यवाही की जाए। साथ ही, आगामी दो सप्ताह में सभी जिला कलक्टर यह सुनिश्चित करें कि बोरवेल खुले नहीं हों। जिससे किसी भी तरह की जनहानि को रोका जा सके।
शासन सचिव परिवहन श्रीमती शुचि त्यागी ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से राज्य में सड़क दुर्घटनाओं की स्थिति, दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में दुर्घटनाओं को रोकने के लिए विभाग द्वारा किए जा रहे कार्य, अवैध कट्स की स्थिति, सड़क सुरक्षा के मानकों की सुनिश्चितता सहित विभिन्न विशयों के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी।
इस दौरान उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा, मुख्य सचिव सुधांश पंत, पुलिस महानिदेशक यू आर साहू, अतिरिक्त मुख्य सचिव जल संसाधन अभय कुमार, अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त अखिल अरोडा, अतिरिक्त मुख्य सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय शिखर अग्रवाल, प्रमुख शासन सचिव सार्वजनिक निर्माण प्रवीण गुप्ता, प्रमुख शासन सचिव जन स्वास्थ्य अभियान्त्रिकी भास्कर ए. सावंत, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय आलोक गुप्ता, जयपुर कलक्टर जितेंद्र कुमार सोनी, मिशन निदेशक एनएचएम डॉ. भारती दीक्षित, जयपुर पुलिस आयुक्त बीजू जॉर्ज जोसफ सहित संबंधित विभागों एवं एनएचएआई के अधिकारीगण उपस्थित रहे।
Share :

Tham gia chơi tại 888slot link không chỉ đem lại cơ hội cá cược hấp dẫn mà còn đi kèm với nhiều ưu điểm nổi bật giúp nâng cao trải nghiệm của người chơi.
Nhà cái uy tín game 188v không chỉ nổi bật ở sự đa dạng dịch vụ mà còn được đánh giá cao nhờ vào hệ thống vận hành ổn định và uy tín được xây dựng qua nhiều năm. Nhờ có giấy phép hợp lệ từ Curacao eGaming cùng sự giám sát chặt chẽ từ PAGCOR, trang này ngày càng khẳng định được vị thế trong lòng người chơi toàn cầu.
66b apk Đăng ký tài khoản tại đây là bước đầu tiên để bạn có thể tham gia vào các trò chơi và dịch vụ cá cược trực tuyến hấp dẫn. Quy trình này vô cùng đơn giản, chỉ mất vài phút để hoàn tất. Dưới đây là hướng dẫn cụ thể để bạn có thể dễ dàng tạo tài khoản và bắt đầu trải nghiệm ngay.
It’s the best time to make some plans for the future and it’s time to be happy. I have read this post and if I could I want to suggest you some interesting things or tips. Maybe you could write next articles referring to this article. I wish to read even more things about it!
Excellent website. Lots of useful info here. I am sending it to several pals ans also sharing in delicious. And naturally, thank you to your effort!